February 3, 2026

Jaunpur news कुलपति ने प्रशासनिक भवन का किया औचक निरीक्षण

Share

रिपोर्ट इन्द्रजीत सिंह मौर्य

कुलपति ने प्रशासनिक भवन का किया औचक निरीक्षण

खामियों पर जताई नाराजगी, फाइलों के रखरखाव पर दिया विशेष जोर

सम्व्धत्ता विभाग को वित्त विभाग में एक जिला होगा स्विफ्ट

जौनपुर ।
वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. वंदना सिंह अधिकारियों के साथ प्रशासनिक भवन के कई विभागों का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान मिली खामियों पर उन्होंने कड़ी नाराजगी जताई।
उन्होंने कर्मचारियों को निर्देश दिया की फाइलों के रख रखाव पर विशेष ध्यान देने की जरूरत है।
उसके अलावा सम्वधत्ता विभाग में का एक जनपद वित्त विभाग में शिफ्ट किए जाने पर जोर दिया।

बता दें कि कुलपति प्रो वंदना सिंह उप-कुलसचिव अजीत कुमार सिंह अमृतलाल पटेल, बबीता सिंह के साथ अपराह्न करीब 3 बजे प्रशासनिक भवन के शैक्षणिक विभाग में कर्मचारियों की उपस्थिति देखी और उनसे कई पहलुओं पर बातचीत की उन्हें कामों के प्रति आवश्यक दिशा निर्देश दिया। शोध के लटके मामलों को निपटने का निर्देश दिया। इसके बाद प्रशासनिक सभागार में पहुंची वहां शोध साक्षात्कार पर उन्होंने कहा प्रेजेंटेशन के दौरान वीडियो रिकॉर्डिंग की जानी चाहिए और साफ सफाई पर उन्होंने नाराजगी जताई। और वही लान में बैठे छात्रों से कामों के बारे में जानकारी ली, सम्वत्ता विभाग में फाइलों को देखा की जमीन पर रखा गया है, उसके कारणो के बारे में पूछा, उन्होंने बारी बारी से सभी पटल पर जाकर पूछताछ की, कर्मचारियों ने कहा की जगह व अलमारियां कम है ,जिसके वजह से फाइलों का जमीन पर रखा गया है, उन्होंने इस बात पर कहा कि सम्व्धत्ता विभाग में अगर जगह की समस्या है , इस समय काफी कर्मचारी रिटायर्ड हो गए हैं और वित्त विभाग में काफी एरिया खाली है ,इसलिए दो जनपद में से एक जनपद का काम वित्त विभाग के ग्राउंड फ्लोर पर शिफ्ट किया जाएगा। उसके बाद वहां से वह सीधे वित्त विभाग में पहुंची और सभी टेबल एरिया की जानकारी ली । वित्त विभाग के हाल को दो भागों में बांटने का निर्णय लिया। वित्त अधिकारी कार्यालय में पहुंची, वहां सभी कर्मचारियों अधिकारियों से वार्ता की। इस दौरान कर्मचारियों में अफरा तफरी का माहौल देखा गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने जो भी कमियां पाई उसके सुधार के लिए उन्होंने आवश्यक दिशा निर्देश दिया। इस अवसर पर सहायक कुल सचिव सरला यादव, अफसर अली, मुश्ताक अहमद, डॉ दूयजेंद्र दत्त उपाध्यय, श्याम श्रीवास्तव, राजनारायण सिंह, राजेंद्र सिंह, संजय सिंह, संतोष विश्वकर्मा मौजूद रहे।

About Author