Jaunpur news औषधि विभाग की सबसे बड़ी कार्रवाई से फर्जीवाड़ा करने वालों में हड़कंप
औषधि विभाग की सबसे बड़ी कार्रवाई से फर्जीवाड़ा करने वालों में हड़कंप
शासन के विशेष निर्देश पर थोक मेडिकल एजेंसियों का स्थायित्व सत्यापन शुरू
डीआई के कड़े तेवर से सिर्फ 10 फर्मों की जांच में मिलने लगी चौंकाने वाली रिपोर्ट
जौनपुर। फर्जी, नाम, पते और गलत तथ्यों का नोटरी शपथ पत्र देकर जालसाजी से तैयार किए गए कागजातों के आधार पर मेडिकल एजेंसियों का लाइसेंस से लेकर बड़े पैमाने पर फर्जीवाड़ा करने वाले लाइसेंस धारको का स्थायित्व भौतिक सत्यापन जनपद जौनपुर में शुरू हो गया है।
उत्तर प्रदेश खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन के विशेष निर्देश पर जिला औषधि निरीक्षक रजत कुमार पांडेय के निर्देशन में गठित स्पेशल टीम द्वारा जिले में अवैध औषधियों के भंडारण और बिक्री पर अंकुश लगाने के लिए शुक्रवार से मड़ियाहूं, मछलीशहर तहसील क्षेत्र में
शुरू की गई जांच के दौरान पहले ही दिन चौंकाने वाली रिपोर्ट आने लगी है।
बेहद ही गोपनीय तरीके से की जा रही इस जांच पड़ताल के संबंध में जिला औषधि निरीक्षक रजत कुमार पाण्डेय ने बताया कि शासन की प्राथमिकता के आधार पर अब तक 10 थोक मेडिकल फर्मों का औचक निरीक्षण और सत्यापन किया गया है।
इस प्रक्रिया के दौरान मेडिकल स्टोर फर्म संचालक द्वारा अपने प्रपत्र में दिए गए दुकान/गोदाम के अस्तित्व की भौतिक पुष्टि और वहां तैनात तकनीकी व्यक्ति (फार्मासिस्ट) की उपस्थिति को देखा गया। इसके अलावा दुकान अगर किराए पर है तो उसका रजिस्टर्ड
वैध किरायानामा एवं अन्य विधिक दस्तावेज को चेक करने के बाद संबंधित तहसील से भी उसका भौतिक सत्यापन कराया जाएगा।
श्री पांडेय ने यह भी बताया कि औषधि दुकान के लिए आवश्यक अन्य अनिवार्य मानक निर्धारित किए गए हैं। जिससे नशीली दवाओं के अवैध कारोबार पर पूरी तरह से रोक लगेगी ।
इस संबंध में जांच को बेहद ही गोपनीय बताते हुए जिला औषधि निरीक्षक श्री पांडेय ने बताया कि इस सघन सत्यापन अभियान का मुख्य उद्देश्य कोडीन (Codiene) और NRx श्रेणी की नशीली दवाओं के अवैध भंडारण और उनकी काली कमाई पर पूरी तरह रोक लगाना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि यह कदम सामाजिक कल्याण और जन-स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।
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ड्रग एसोसिएशन के साथ बेहतर समन्वय
जौनपुर। शासन द्वारा जारी नई मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी ) के अनुपालन में, जनपद की थोक दवा दुकानों के भौतिक सत्यापन का कार्य युद्धस्तर पर प्रारंभ कर दिया गया है।
सत्यापन प्रक्रिया को सुगम और पारदर्शी बनाने के लिए औषधि निरीक्षक ने ड्रग एसोसिएशन के पदाधिकारियों के साथ भी संवाद किया है। उन्होंने एसोसिएशन से अपील की है कि वे अधिक से अधिक थोक विक्रेताओं को सत्यापन प्रक्रिया में सहयोग करने के लिए प्रेरित करें।
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डीआई ने व्यापारियों से की अपील
जौनपुर। प्रदेश शासन के विशेष निर्देश पर जिले में शुरू किए गए इस अभियान को बेहद ही गंभीरता से लेते हुए
जिला औषधि निरीक्षक रजत कुमार पांडेय ने जिले के सभी मेडिकल एजेंसी संचालकों से अनुरोध किया है कि वे अपनी फर्मों के सत्यापन में विभाग को पूर्ण सहयोग करें। समय पर सत्यापन होने से न केवल व्यापार करने में सुगमता होगी, बल्कि भविष्य में होने वाली किसी भी कानूनी अड़चन या विभागीय कार्रवाई से भी बचा जा सकेगा। वरना किसी भी गंभीर स्थिति में होने वाली कार्रवाई के लिए फर्म संचालक खुद जिम्मेदार माने जाएंगे।
