Jaunpur news सुजानगंज के फरीदाबाद में वक़्फ़ संपत्तियों के डिजिटल पंजीकरण पर कार्यशाला सम्पन्न,
सुजानगंज के फरीदाबाद में वक़्फ़ संपत्तियों के डिजिटल पंजीकरण पर कार्यशाला सम्पन्न, पारदर्शिता के लिए सभी मुतवल्लियों ने लिया संकल्प
जौनपुर। सुजानगंज क्षेत्र के फरीदाबाद स्थित रहमानिया जामा मस्जिद में रविवार को वक़्फ़ संपत्तियों के डिजिटल पंजीकरण को लेकर एक दिवसीय कार्यशाला आयोजित की गई। इस कार्यशाला में क्षेत्र के विभिन्न गाँवों के मुतवल्ली, सचिव और वक़्फ़ संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।
कार्यशाला का उद्देश्य था कि आगामी 5 दिसम्बर 2025 से पहले सभी वक़्फ़ संपत्तियों का विवरण केंद्रीय UMEED पोर्टल पर दर्ज कर पारदर्शिता और सुरक्षा सुनिश्चित की जाए।
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता मछलीशहर कोऑर्डिनेटर इरशाद खान ने कहा कि “वक़्फ़ संपत्तियाँ हमारी सामाजिक और धार्मिक धरोहर हैं, जिनका संरक्षण हर मुतवल्ली की जिम्मेदारी है।” उन्होंने बताया कि UMEED पोर्टल पर पंजीकरण से वक़्फ़ प्रबंधन में पारदर्शिता और जवाबदेही में उल्लेखनीय वृद्धि होगी।
कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. शहाबुद्दीन ने की। उन्होंने कहा कि क्षेत्र की सभी वक़्फ़ संपत्तियों के मुतवल्लियों को आवश्यक दस्तावेज़ तैयार करने और पोर्टल पर पंजीकरण कराने में हर संभव सहयोग प्रदान किया जाएगा।
ईदगाह कमेटी के सदर नूरुज्जमा ने उपस्थित लोगों को आवश्यक कागज़ात की जानकारी दी और जिनके दस्तावेज़ अधूरे हैं, उन्हें पूरा कराने में मदद का आश्वासन दिया। वहीं, वक़्फ़ बोर्ड प्रशिक्षक फैजान खान ने UMEED पोर्टल पर ऑनलाइन पंजीकरण प्रक्रिया का लाइव प्रदर्शन किया और दस्तावेज़ अपलोड करने के तरीके समझाए।
कार्यशाला में मकसूद अली ने बताया कि पंजीकरण की अंतिम तिथि 5 दिसम्बर 2025 तय की गई है। इसके बाद देरी करने वालों पर छह माह की सज़ा और ₹20,000 से ₹1 लाख तक जुर्माने का प्रावधान है।
कार्यक्रम का संचालन एडवोकेट कुर्बान राईन ने किया, जबकि मौलाना शाह मोहम्मद ने सभी मुतवल्लियों और केयरटेकरों से डिजिटल अभियान को सफल बनाने का आह्वान किया।
कार्यशाला के अंत में सभी उपस्थित वक़्फ़ ज़िम्मेदारों ने संकल्प लिया कि वे निर्धारित समयसीमा में अपनी वक़्फ़ संपत्तियों का विवरण UMEED पोर्टल पर अपलोड करेंगे, ताकि पारदर्शी और सुरक्षित वक़्फ़ प्रबंधन सुनिश्चित किया जा सके।

