दरोगा का फरमान: “रास्ता नहीं तो मंदिर नहीं” — रुका निर्माण, मुख्यमंत्री से की गई शिकायत

InShot_20250629_155102618
Share

जौनपुर। जलालपुर थाना क्षेत्र के बरबसपुर गांव में बजरंगबली मंदिर के निर्माण को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। गांव निवासी खजांची मौर्य ने आरोप लगाया है कि स्थानीय हल्का दरोगा द्वारा जबरन मंदिर की जमीन से रास्ता निकलवाने का दबाव बनाया गया। उन्होंने यहां तक कहा कि दरोगा ने साफ शब्दों में धमकी दी, “यदि रास्ता नहीं निकाला गया, तो मंदिर भी नहीं बनेगा।”

मौर्य के अनुसार, वह अपनी निजी जमीन पर चंदे के पैसों से बजरंगबली मंदिर का निर्माण करा रहे थे। जैसे ही निर्माण कार्य शुरू हुआ, पड़ोसी एक परिवार ने उक्त भूमि से अपने घर के लिए रास्ते की मांग करते हुए निर्माण रुकवा दिया। मामला थाने तक पहुंचा, जहां पीड़ित का आरोप है कि पुलिस ने एकतरफा कार्रवाई करते हुए उनके साथ दुर्व्यवहार किया और दबाव डालकर जबरन समझौते (सुलहनामा) लिखवा लिया गया। मंदिर कमेटी ने फिलहाल मंदिर निर्माण कार्य रोक दिया है। पीड़ित खजांची मौर्य ने इस पूरी घटना की शिकायत मुख्यमंत्री पोर्टल पर दर्ज कराई है और न्याय की गुहार लगाई है। उनका कहना है कि यदि मंदिर के लिए दान की गई भूमि से रास्ता निकाला गया तो मंदिर का आकार छोटा हो जाएगा। साथ ही, वहां कोई पूर्वनिर्धारित या सरकारी रास्ता भी मौजूद नहीं है।