Jaunpur news युवक पर चाकूओं से हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस और रेहटी चिकित्सक की भूमिका संदिग्ध
युवक पर चाकूओं से हुए जानलेवा हमले के मामले में पुलिस और रेहटी चिकित्सक की भूमिका संदिग्ध
जौनपुर। जलालपुर थाना क्षेत्र के त्रिलोचन महादेव के पास युवक पर अनगिनत चाकूओं से हमला और हवाई फायरिंग करने के मामले में इलाका पुलिस और रेहटी की चिकित्सक की भूमिका संदिग्ध प्रतीत हो रही है। सोमवार दिन के लगभग एक बजे किशन यादव उम्र लगभग 19 वर्ष पुत्र राजेश यादव पर जब जानलेवा हमला हुआ उस समय हमलावर फरार हो गयें तो स्थानीय एवं परिवार के लोगों ने घायल को रेहटी स्वास्थय केंद्र पर ले गयें। जानकारी मिलने पर जलालपुर थाने के प्रभारी सहयोगी जवानों के साथ मौके पर पहुंच गयें। चिकित्सक द्वारा इलाज के नाम पर सिर्फ पट्टी बांध दी गई और उसे जिला चिकित्सालय के लिए रेफर कर दिया गया। अब प्रश्न इस बात का उठता है कि जहां थानेदार भी मौजूद हैं एैसे स्थिति में न तो उसका चिकित्सकिय परीक्षण (डॉक्टरी मुवायना) किया गया और न तो कोई कानूनी कारवाई की गई बस आनन फानन में उसे जिला अस्पताल भेज दिया गया जहां जिला चिकित्सालय के आकास्मिक कक्ष के चिकित्सक ने भी गहरा ऐतराज करते हुए इसे संबंधित चिकित्सक द्वारा लापरवाही बरतने की बात बताई और उसे बेहतर उपचार के लिए वाराणसी रेफर कर दिया। इस बात से साफ जाहिर होता है कि सुरक्षा व्यवस्था के जिम्मेदार अपनी जिम्मेदारियों को कैसे निभाते हैं। यह इस बात से साफ पता चलता है कि कितनी बड़ी लापरवाही बरती जाती है। रेहटी चिकित्सक द्वारा बिना चिकित्सकिय परीक्षण के घायल को जिला अस्पताल भेजने की लापवाही करने के मामले में उनके खिलाफ जांच करने की मांग की गई है।
